फेक अलर्ट –मुस्लिम पति द्वारा हिन्दू पत्नी को पीटने के दावे की फोटो निकली फ़र्ज़ी !

फेक अलर्ट – मुस्लिम पति द्वारा हिन्दू पत्नी को पीटने के दावे की फोटो निकली फ़र्ज़ी !

सोशल मीडिया एक फर्जी तस्वीर काफी तेज़ी से वायरल हो रही है। वायरल तस्वीर को इस सन्देश के साथ प्रसारित किया जा रहा है – “असम में, हिन्दू महिला ने ज़ाकिर हुसैन से शादी करने के लिए अपने पति को छोड़ा और रुबिया बनी।  वहीँ जब ऑल्ट न्यूज़  वेबसाइट ने इस सन्देश की जांच की तो पता चला ये  मामला दूसरा है और पूरी तरह फर्जी है

ट्विटर अकाउंट कांग्रेस मुक्त भारत (@sagenaradamuni) ने भी इन तस्वीरों को साझा किया है और दावा किया है कि एक हिंदू महिला जिसने मुस्लिम व्यक्ति से शादी की थी, वह घरेलू हिंसा का शिकार हुई थी। इस पोस्ट को करीब 500 बार रीट्वीट किया गया है।

मंजीत बग्गा (@Goldenthrust) नामक एक ट्विटर उपयोगकर्ता ने इन तस्वीरों को समान दावे वाले संदेश के साथ साझा किया है – “#असम की ये मैडम जी अपने पति और छोटी सी बेटी को छोड़कर एक कटपीस जाकिर हुसैन के साथ निकाह कर #रुबिया बन गईं थी! अब हुसैन इनके हूर जैसे खूबसूरत थोबड़े पर लाजवाब पेंटिंग बना रहा है.” उन्होंने “कटपीस” शब्द का प्रयोग किया है, जिसे ज़्यादातर मुस्लिम समुदाय के लिए प्रयोग किया जाता है। बग्गा के ट्वीट को करीब 6,000 लाइक प्राप्त हुए है।

फेसबुक पर हिंदी संदेश को ‘Rss Uttarpara Nagar’ पेज के अलावा कई लोगों ने भी साझा किया है।

यह ट्विटर और फेसबुक पर वायरल है।

झूठी खबर

ऑल्ट न्यूज़ ने पाया कि 2012 की घटना को सोशल मीडिया में सांप्रदायिक मोड़ दिया गया है। 1 जुलाई, 2012 की द हिंदू की रिपोर्ट के अनुसार, दक्षिणी करीमगंज शहर के एक होटल में असम कांग्रेस विधायक रूमी नाथ और उनके दूसरे पति जैकी ज़ाकिर की पिटाई कर घायल किया गया था।

मीडिया संगठन ने आगे बताया है कि, “22 मई [2012] की घटना , जिसमें नाथ के पहले पति राकेश सिंह ने पुलिस के पास पहले शिकायत दर्ज करवाई जिसमें आरोप लगाया गया था कि उनकी पत्नी के पिछले दिन से गायब होने के बाद अपहरण कर लिया गया था। लेकिन उनकी पत्नी 2 जून को गुवाहाटी में सामने आयी पता चला कि वह अगरतला में छुट्टिया मनाने गयी थी। मीडिया की अटकलों को खत्म करते हुए, उन्होंने यह भी घोषणा की कि वह और ज़ाकिर शादी कर चुके हैं, और यह भी बताया कि अपने पहले पति से तलाक लेने के लिए उन्होंने कागज़ात भी तैयार कर लिए है”-अनुवाद।

इंडिया टुडे ने भी इस घटना पर लेख प्रकाशित किया था और बताया था कि इस जोड़े पर 100 लोगों द्वारा हमला किया गया था। नाथ ने बताया कि लोगों ने उनके कपड़े फाड़ दिए थे और बलात्कार करने की भी कोशिश की थी। पुलिस ने इस मामले में 5 लोगों को गिरफ्तार किया था। सोशल मीडिया में वायरल हो रही तस्वीर मीडिया संगठन की रिपोर्ट से ली गई है। एक साक्षात्कार के दौरान, नाथ ने बताया कि भीड़ ने उनसे “बलात्कार करने और मारने की कोशिश की थी”-अनुवाद। जब उनसे पूछा गया कि क्या हमले का सांप्रदायिक मकसद था तो उन्होंने इसे “राजनितिक साजिश” बताया।

अन्य मीडिया संगठन – NDTVहिंदुस्तान टाइम्स ने भी इस घटना को रिपोर्ट किया था।

बाद में द इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट में बताया गया कि नाथ के पहले पति ने उनके और उनके दूसरे पति के खिलाफ “अवैध संबंध के साथ-साथ चोरी का आरोप” लगाते हुए एक प्राथमिकी दर्ज की। रिपोर्ट में यह भी लिखा है कि नाथ ने “पहले पति को तलाक दिए बिना दूसरी शादी कर ली थी, जो उन्होंने खुद स्वीकारा था।

दो साल बाद, नाथ ने अपने दूसरे पति के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की। असम ट्रिब्यून के अनुसार, कांग्रेस विधायक रूमी नाथ के दूसरे पति, जैकी जाकिर को आज शाम पुलिस ने जबरन वसूली और शारीरिक हमले के आरोप में गिरफ्तार किया। हालांकि, जैकी ने आरोप से इनकार किया और नाथ के इस कदम के पीछे “राजनीतिक मकसद” बताया।

असम में कांग्रेस विधायक और उनके पति को मारने की सात साल पुरानी घटना को सोशल मीडिया में सांप्रदायिक दावे से साझा किया गया। दावा किया गया कि हिन्दू महिला, जिसने मुस्लिम व्यक्ति से शादी कर अपना धर्मपरिवर्तन किया था, शादी के बाद पति ने उनको बेरहमी से पीटा।

साभार- altnews.in/hindi